इंदौर की मेट्रो ट्रेन में सफर का सपना सरकारी औपचारिकताओं और ‘अतिथि’ के इंतजार में फंसा

इंदौर

इंदौर की जनता का अपनी मेट्रो ट्रेन में सफर करने का सपना अब सरकारी औपचारिकताओं और ‘अतिथि’ के इंतजार में उलझकर रह गया है। गांधीनगर से रेडिसन चौराहे तक मेट्रो ट्रेन चलाने की सारी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, लेकिन हैरानी की बात यह है कि कमिश्नर ऑफ मेट्रो रेल सेफ्टी (CMRS) से क्लियरेंस मिलने के 23 दिन बीत जाने के बाद भी ट्रेन का पहिया आम जनता के लिए नहीं घूम सका है।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार निर्माण कार्य और सुरक्षा जांच की प्रक्रिया तो समय पर पूरी कर ली गई थी, लेकिन उद्घाटन की तारीख तय न होने से शहरवासियों की उत्सुकता अब निराशा में बदल रही है।

मार्च में ही अनुमति ले ली थी
मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने बीते 26 मार्च को ही सुरक्षा आयुक्त से संचालन की अनुमति प्राप्त कर ली थी। स्थानीय नागरिकों को उम्मीद थी कि पहले रामनवमी और फिर हनुमान जयंती के पावन अवसर पर इंदौर को मेट्रो की सौगात मिल जाएगी, लेकिन यह दोनों ही बड़े अवसर बीत गए और स्टेशनों पर सन्नाटा पसरा रहा।

सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, मेट्रो के संचालन की अंतिम मुहर अब मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) और प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के स्तर से लगनी है। राज्य शासन की ओर से पीएमओ को मेट्रो संचालन का प्रस्ताव भेजा गया है, जिसमें प्रधानमंत्री द्वारा वर्चुअली हरी झंडी दिखाने या फिर किसी केंद्रीय मंत्री को मुख्य अतिथि के रूप में इंदौर भेजने की अनुमति मांगी गई है।

हांलाकि सूत्रों का कहना है कि इंदौर में मेट्रो का संचालन पांच राज्यों में चल रहे चुनाव के परिणाम आने के बाद ही हो पाएगा। चुनाव परिणाम के बाद ही इंदौर मेट्रो की तारीख की घोषणा की जाएगी।

4 मई के बाद ही शुरू होने की उम्मीद
सांसद शंकर लालवानी ने इस मामले में कहा कि मेट्रो का संचालन कब शुरू होगा, यह शासन को तय करना है। आवासन एंव शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा इसके शुभारंभ की योजना बनाई जा रही है। लालवानी ने कहा कि वे केंद्र और राज्य स्तर पर बातचीत कर जल्द से जल्द ट्रेन शुरू कराने का प्रयास करेंगे। सूत्रों की मानें तो इंदौर मेट्रो की तारिखों की घोषणा 4 मई के बाद की जाएगी।

इंदौर मेट्रो फेज-2 के स्टेशन
सुपर कॉरिडोर स्टेशन 2, 1, भोरासला चौराहा, एमआर 10 रोड, आईएसबीटी, चंद्रगुप्त चौराहा, हीरा नगर, बापट चौराहा, मेघदूत गार्डन, विजय नगर चौराहा और मालवीय नगर चौराहा (रेडिसन होटल)।

 

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