25 साल की दोस्ती का असर! भारत दौरे से पहले पुतिन–मोदी की पुरानी तस्वीर ने मचाई हलचल

नई दिल्ली 
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन गुरुवार शाम दो दिवसीय भारत दौरे पर नई दिल्ली पहुंचने वाले हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पुतिन की इस मुलाकात पर दुनिया भर की नजर है। इस बीच सोशल मीडिया पर एक पुरानी तस्वीर खूब चर्चा में है, जो पीएम मोदी के राजनीतिक सफर से जुड़ी एक अहम स्मृति को सामने लाती है। दरअसल, यह तस्वीर साल 2001 की है, जब पीएम मोदी पहली बार मॉस्को गए थे। उस समय मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे और वह भारत-रूस शिखर सम्मेलन के लिए तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के साथ रूस की राजधानी पहुंचे थे। यह यात्रा 6 नवंबर 2001 को हुई थी। उसी दौरान पीएम मोदी को पहली बार रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिलने का अवसर मिला। यह उनका पुतिन के साथ पहला परिचय था। आज, करीब 25 साल बाद, जब पुतिन भारत दौरे पर आ रहे हैं, तो यही तस्वीर फिर से चर्चा में है।
सोशल मीडिया पर इसे शेयर करते हुए लोग लिख रहे हैं कि पीएम नरेंद्र मोदी और प्रेसिडेंट पुतिन के बीच लगभग ढाई दशक पुराना रिश्ता है। तस्वीर में वाजपेयी और पीएम मोदी साथ दिखाई दे रहे हैं, जिसे देखकर कई यूजर्स इसे ‘इंडिया-रूस दोस्ती की पहली झलक’ बता रहे हैं। 4 सितंबर 2019 को प्रधानमंत्री मोदी ने ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर कुछ तस्वीरें और उससे जुड़ी यादें शेयर की थीं। उन्होंने लिखा था, “2001 और 2019 की यादें और पल! आज 20वें भारत-रूस शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेते हुए, मेरा मन नवंबर 2001 के रूस-भारत शिखर सम्मेलन में भी चला गया, जब अटल जी पीएम थे। उस समय मुझे गुजरात सीएम के तौर पर उनके डेलीगेशन का हिस्सा बनकर गर्व हुआ था।”
यह पोस्ट एक बार फिर वायरल हो रहा है क्योंकि मौजूदा भारत-रूस शिखर सम्मेलन से पहले इस ऐतिहासिक क्षण की याद दिलाई जा रही है।
जैसे ही राष्ट्रपति पुतिन के भारत दौरे की खबर सामने आई, वैसे ही लोग 2001 की तस्वीरें साझा कर रहे हैं। कई यूजर्स लिख रहे हैं कि भारत और रूस की साझेदारी सिर्फ रणनीतिक नहीं, बल्कि व्यक्तिगत रिश्तों की मजबूती पर भी आधारित है। यही वजह है कि पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन की दोस्ती अक्सर चर्चा में रहती है।
आज जब राष्ट्रपति पुतिन फिर भारत आ रहे हैं, तो 25 साल पहले की यह तस्वीर भारत-रूस रिश्तों के लंबे और भरोसेमंद इतिहास की एक दिलचस्प झलक पेश कर रही है।

  • Related Posts

    जनगणना 2027: भारत की पहली ‘डिजिटल जनगणना’ से नीति निर्माण को मिलेगा बढ़ावा, होगी दुनिया की सबसे बड़ी जनगणना

    नई दिल्ली  भारत की जनगणना 2027 देश की पहली पूरी तरह ‘डिजिटल जनगणना’ होगी। इसमें मोबाइल के जरिए डेटा जुटाया जाएगा, जिससे सही और विस्तृत जानकारी मिलेगी और बेहतर

    पूरी खबर पढ़े
    गुजरात निकाय चुनाव: 26 अप्रैल को 9000 सीटों पर होगा महासंग्राम, देखें पूरा शेड्यूल

    गांधीनगर गुजरात में 26 अप्रैल के दिन स्थानीय निकाय चुनाव के लिए मतदान होगा. राज्य की 15 महानगरपालिका, 84 नगरपालिका, 13 नगरपालिका में उपचुनाव, 34 जिला पंचायत, 260 तालुका

    पूरी खबर पढ़े

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *